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: सड़क निर्माण सुधार हेतु ग्रामीणों ने किया 10 किलोमीटर का पैदल मार्च

Aditi News Team

Sun, Oct 8, 2023
सड़क निर्माण सुधार हेतु ग्रामीणों ने किया 10 किलोमीटर का पैदल मार्च,गाडरवारा-स्टेट हाईवे नंबर 22 पोडार चौराहा से स्टेट हाईवे नंबर 44 देतपोन तक की सड़क जो की 20 किलोमीटर की सड़क है। जिसमें ग्राम पोडार, आड़ेगांव कला,डूंगरिया ढिंगसरा, अजंदा देतपोन,धनोरा और खैरी आदि ग्राम। आदि क्षेत्र के ग्रामीण लोगों को आवागमन में काफी समस्याएं होती हैं यहां पर जननी एक्सप्रेस भी जाने से कतराती है। साथ ही इन ग्रामों से स्कूल पढ़ने जाने वाले बच्चों को भी अत्यधिक परेशानी होती है। ग्रामीणों ने आज आड़ेगांव से लेकर पोडार चौराहा स्टेट हाईवे नंबर 22 तक एक रैली का आयोजन किया जिसमें युवा बुजुर्ग एवं ग्रामीण तमाम नागरिक शामिल हुए। साथ ही लोगों ने पोडार चौराहा स्थित है प्राचीन शिव मंदिर में भी जनप्रतिनिधियों एवं शासन प्रशासन की सद्बुद्धि के लिए पूजा अर्चना की और भगवान शिव से उन पर दया करने की गुजारिश की। लगातार हुई इससे रैली में बड़ी मात्रा में ग्रामीणों ने यह शपथ ली के अगर हमारी सड़क का सुधार और स्वीकृति नहीं होती है तो कोई भी ग्रामों के नागरिक मतदान नहीं करेंगे और उसका विरोध भी करेंगे इस तरह से ग्रामीणों ने एक रैली निकाल कर अपना विरोध प्रदर्शन किया रोड नहीं तो वोट नहीं के नारो से युक्त गूंजायमान होता चला गया। कई सालों से ग्रामीण सड़क के सुधार और स्वीकृत की मांग कर रहे हैं इसके बावजूद भी किसी विधायक, सांसद,जनप्रतिनिधि ने इस तरफ ध्यान नहीं दिया। अब नागरिकों ने भी वोट न देने का मन बनाया है ग्राम के तमाम युवा बुजुर्ग सभी शामिल हुए साथी सभी संगठनों ने भी उक्त कार्य को अपना समर्थन प्रेषित किया। कहते है कि यह निश्चित ही रोड यह बनना चाहिए ऐसे में अब देखते हैं शासन प्रशासन क्या पहल करता है और किस तरह से नागरिकों को मनाने की कोशिश करता है। ग्रामीणों ने बताया है कि वह अभी यह पैदल मार्च करने के बाद भी अगर शासन प्रशासन नहीं जागा तो गांव में घर-घर रोड नहीं बट नहीं के नारे और पोस्टर लगाए जाएंगे जिससे इन ग्रामों में काम से कम मतदान का बहिष्कार होगा तो शासन और राजनीतिक दलों में कुछ जिम्मेदारियां होगी। ग्रामीणों में काफी आक्रोश देखा जा रहा है ऐसे में ग्रामीणों के आक्रोश को कम करने के लिए जनप्रतिनिधि और शासन में बैठे नुमाइंदे क्या जतन करते हैं यह देखने वाली बात होगी। लगातार जन समस्याएं लगी हुई हैं 20 किलोमीटर की यह सड़क में सैकड़ो लोगों की गाड़ियां टूट चुकी है कई लोग घायल एवं विकलांग हो चुके हैं लेकिन आज भी ध्यान नहीं दिया जा रहा स्वास्थ्य सेवाओं की कहें तो बदहाल स्थिति है स्वास्थ्य के लिए भी आवागमन करने में काफी परेशानी होती है। तमाम समस्याएं लोगों के बीच में है इस तरह से नागरिक कौन है लगातार 10 किलोमीटर पैदल चलकर उक्त सड़क की समस्या को उजागर किया है। जिसमें वरिष्ठ नागरिक सरपंच प्रतिनिधि और तमाम तरह के लोग शामिल हुए अब ऐसे में जिम्मेदारों तक यह बात पहुंचती है तो क्या होगा यह सोचने वाली बात है।

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